8 हजार बच्चों को पहनाई चप्पल, मिला लिम्का बुक का मुकुट

ग्वालियर. आज के समय में जहां लोग खुद के आगे बढऩे की उधेड़बुन में उलझे हुए हैं, वहीं शहर का मानवता ग्रुप दूसरों की मुस्कान में अपनी खुशी तलाश रहा है। उन्होंने ढाई साल पहले 47 डिग्री टेम्प्रेचर में स्लम एरिया में रहने वाले बच्चों को नंगे पैर को जलते देख चप्पल बैंक की शुरुआत की। एक साल में ही उन्होंने मलिन बस्ती में रहने वाले 2 हजार लोगों को चप्पल पहनाईं। यह यूनिक आइडिया सोशल मीडिया के माध्यम से वायरल हुआ और मानवता ग्रुप का नाम लिम्का बुक ऑफ रिकॉर्ड की टीम ने पूरी पड़ताल के बाद दर्ज किया। रविवार को यह सर्टिफिकेट मानवता टीम के फाउंडर आयुष जैन बैद को मिला। उन्होंने बताया हमने…

समाचार पत्र मैं पूरा पढ़ें

0 Comments

There are no comments yet

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.